बुद्धि का विकास मानव के अस्तित्व का अंतिम लक्ष्य होना चाहिए - बी. आर. अम्बेडकर

पैसों की कीमत



खुशहालपुर में नारायण नाम का एक अमीर साहूकार था। उसके बेटे को पिता के पैसों का बड़ा घमंड था।  
दिन भर अपने आवारा दोस्तों के साथ घूमते हुए वह पानी की तरह पैसा बहाने लगा।  
मेहनत की कमाई लुटती देख नारायण को  चिंता होने लगी।